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भारत की शीर्ष 10 सबसे अधिक बोली जाने वाली भाषाएँ | Most Spoken Languages In India

By admin / About :-11 months ago

Most Spoken Languages In India

भारत एक विशाल और विविधताओं से भरा देश है, जो अपनी अद्भुत जलवायु और पर्यटन स्थलों के लिए जाना जाता है. जनसंख्या की दृष्टी से भारत दुनिया का सबसे बड़ा देश है. यहां विभिन्न धर्मों, जातियों और भाषाओं के लोग आपस में मिल-जुलकर रहते हैं. देश में क्षेत्रीय विविधता इतनी है कि हर राज्य में अलग-अलग भाषा, संस्कृति और रहन-सहन देखने को मिलता है।

भारत एक ऐसा देश है जो न केवल अपनी विविध संस्कृतियों, धर्मों और परंपराओं के लिए प्रसिद्ध है, बल्कि भाषाओं में  विविधता के लिए भी विश्वभर में जाना जाता है। यह दुनिया के उन गिने-चुने देशों में से एक है जहाँ एक ही भूमि पर सैकड़ों भाषाएँ और हजारों बोलियाँ बोली जाती हैं। भारत के हर क्षेत्र, हर राज्य, और कभी-कभी तो हर गाँव की अपनी भाषा व बोली होती है, जो वहाँ की संस्कृति के बारे में बताती है। भारत में हिंदी, तेलुगु, तमिल, ओड़िया, मलयालम,  गुजराती, उर्दू, कन्नड़, बंगाली, मराठी,  पंजाबी, असमिया आदि भाषाएँ बोली जाती है.

आज इस ब्लॉग में हम आपके लिए भारत मे सबसे ज्यादा बोली जाने वाली टॉप 10 भाषा लेकर आए है-

भारत की शीर्ष 10 सबसे अधिक बोली जाने वाली भाषाएँ | Most Spoken Languages In India

निचे भारत में बोली जाने वाली जाने वाली 10 भाषाओ को निम्न प्रकार से बताया गया है-

हिंदी

भारत में सबसे अधिक बोली जाने वाली भाषा हिंदी है. भाषा देवनागरी लिपि में लिखी जाती है। हिंदी को राजभाषा के रूप में मान्यता मिलने की याद में हर साल 14 सितंबर को "हिंदी दिवस" के रूप में मनाया जाता है, ताकि लोगों में हिंदी के प्रति जागरूकता और सम्मान बना रहे। भारत के विभिन्न राज्यों में हिन्दी भाषा सबसे अधिक बोली जाती है। गयाना, सूरीनाम, नेपाल, मॉरिशस, संयुक्त अरब अमीरात और फिजी में हिन्दी भाषा का उपयोग करने वाले लोगों की संख्या अधिक है।

हिन्दी भाषा का विकास वेदिक काल से ही शुरू हो गया था, तो यह कहना सबसे सही होगा की वैदिक भाषा ही हिन्दी भाषा है। पहले इसे खड़ी- बोली के नाम से जाना जाता था अब उत्तर भारत के विभिन्न क्षेत्रों में हिन्दी भाषा बोली जाती है। धीरे- धीरे भारत की साहित्यिक, सांस्कृतिक और शैक्षिक भाषा बन गई। हिन्दी भाषा का महत्व समाज और संस्कृति में बहुत गहरा है और अब यह वैश्विक स्तर पर भी अपनी पहचान बना रही है।

बंगाली

भारत की 2011 की जनगणना के अनुसार, बंगाली देश की दूसरी सबसे अधिक बोली जाने वाली भाषा है, जिसे बांग्ला भी कहा जाता है। यह भाषा भारतीय उपमहाद्वीप की प्राचीन भाषा है। बांग्लादेश ने बंगाली भाषा को अपनी पहली भाषा के रूप में अपनाया है। भारत के पश्चिम बंगाल, त्रिपुरा और असम की बराक घाटी में यह प्रमुख रूप से बोली जाती है. 2024 में भारत सरकार ने इसे "शास्त्रीय भाषा" का दर्जा दिया, जिससे इसकी सांस्कृतिक और ऐतिहासिक  महत्व को मान्यता मिली है।

मराठी

मराठी  भाषा महाराष्ट्र राज्य की राजभाषा और भारत की प्रमुख बोली जाने वाली भाषाओं में से एक है। मराठी एक भारतीय-आर्य भाषा है। यह भाषा लगभग 2300 वर्षों से अस्तित्व में है और इसकी उत्पत्ति प्राकृत से हुई थी। यह भाषा महाराष्ट्र की सांस्कृतिक पहचान, इतिहास और परंपरा को दिखाती है। यह मराठा साम्राज्य के महान शासक जैसे छत्रपति शिवाजी महाराज जैसे महापुरुषों की मातृभाषा रही है।

भारत में लगभग 8.3 करोड़ लोग मराठी बोलते हैं। हिन्दी ओर बंगाली के बाद बोली जाने वाली यह तीसरी प्रमुख भाषा है। महाराष्ट्र के अलावा, यह गोवा, कर्नाटक, मध्य प्रदेश, गुजरात, आंध्र प्रदेश और कुछ केंद्र शासित प्रदेशों में भी बोली जाती है।

तेलुगु

भारत में बोली जाने वाली तेलुगु एक प्रमुख भाषा है। यह एक द्रविड़ भाषा है, जिसे संविधान द्वारा 23 अनुसूचित भाषाओं में शामिल किया गया है। तेलुगु भाषा भारत के दक्षिणी भाग में विशेष रूप से बोली जाती है और आंध्र प्रदेश तथा तेलंगाना राज्यों में इसे प्राथमिक भाषा का दर्जा प्राप्त है। तेलुगु भाषा को तेलंगाना की मूल भाषा है।  तेलुगु भाषा आज भी साहित्य, सिनेमा और प्रशासनिक कार्यों में प्रमुख भूमिका निभा रही है। यह भाषा तमिलनाडु, कर्नाटक, उड़ीसा, महाराष्ट्र,छत्तीसगढ़ और केंद्र शासित प्रदेशअंडमान और निकोबार द्वीप समूह और पुडुचेरी में भी बोली जाती है।

तामिल

तमिल भाषा एक बहुत पुरानी और महत्वपूर्ण भाषा है। यह भारत के तमिलनाडु राज्य और पुदुचेरी की मूल भाषा है। तमिल को भारत की पहली शास्त्रीय भाषा का दर्जा मिला है। यह भाषा श्रीलंका और सिंगापुर में भी बोली जाती है। तमिल भाषा का इतिहास हजारों साल पुराना है और इसका साहित्य बहुत समृद्ध है। इसे दुनिया की सबसे पुरानी जीवित भाषाओं में से एक माना जाता है। लगभग 7 करोड़ लोग तमिल बोलते हैं। तमिल भाषा की अपनी लिपि और व्याकरण है।

गुजराती

गुजराती भारत के 22 अनुसूचित भाषाओं में से बोली जाने वाली एक भाषा है। यह भाषा गुजरात व उसके पड़ोसी राज्य में बोली जाती है। अन्य भाषाओं की तरह यह भाषा संस्कृत भाषा से विकसित हुए थी। गुजराती भाषा इंडो-यूरोपीय भाषा परिवार का हिस्सा है। 55.5 मिलियन लोगों द्वारा बोली जाने वाली यह भारत की 6 वीं सबसे अधिक बोली जाने वाली भाषा है। काठियावाड़ी, खारुआ, खाकरी, तरिमुखी, पूर्वी अफ्रीकी गुजराती, सुरती आदि राज्यों में यह भाषा बोली जाती है। गुजरात में अंग्रेजी, सिंधी, मराठी और कच्छी भाषा भी बोली जाती है। गुजराती भाषा गुजरात के लोगों द्वारा बोली जाने वाली एक इंडो-आर्यन भाषा है।

उर्दू

उर्दू भाषा  भारत की 22 अनुसूचित भाषाओं में से सबसे अधिक बोली जाने वाली भाषा है। उर्दू भाषा का विकास भारत में मध्यकाल के दौरान हुआ। यह पाकिस्तान की राजभाषा है, जो हिन्दी की तरह ही हिन्दुस्तानी भाषा का भी एक रूप है। भारत की हिन्दी भाषा में उर्दू को हिंदी, हिंदवी, दखिनी रेख्ता, , मूर्स और देहलवी, उर्दू-ए-मुअल्लाह जैसे कई नाम दिए गए। आज उर्दू भारत के कई राज्यों जैसे उत्तर प्रदेश, बिहार, दिल्ली, तेलंगाना, जम्मू-कश्मीर, और महाराष्ट्र में बोली जाती है।

कन्नडा

कन्नड़ एक लोकप्रिय द्रविड़ भाषा है जो दक्षिण भारत के कर्नाटक राज्य में सबसे अधिक बोली जाती है। यह भाषा भारत की 22 अनुसूचित भाषाओं में शामिल है और कर्नाटक की आधिकारिक भाषा के रूप में मान्यता प्राप्त है। इस भाषा को बोलने वालों की संख्या लगभग 4.5 करोड़ के आसपास है, जिनमें से ज़्यादातर लोग कर्नाटक में ही रहते हैं। कन्नड़ भाषा को उसकी सांस्कृतिक गहराई और ऐतिहासिक साहित्य को देखते हुए वर्ष 2008 में भारत सरकार ने 'शास्त्रीय भाषा' का दर्जा दिया था।

ओडिया (उड़िया)

ओड़िया, जिसे पहले 'ओरिया' भी कहा जाता था, एक इंडो-आर्यन भाषा है जो पूर्वी भारत के ओडिशा राज्य में मुख्य रूप से बोली जाती है। यह ओडिशा की आधिकारिक भाषा भी है और राज्य की पहचान का एक बड़ा हिस्सा मानी जाती है। 1 मार्च 2014 को ओड़िया को भारत सरकार द्वारा ‘शास्त्रीय भाषा’ का सम्मान प्रदान किया गया था। ओडिशा में इस भाषा को बोलने वालों की संख्या 4 करोड़ से भी अधिक है और यह राज्य की संस्कृति, शिक्षा और प्रशासन में अहम भूमिका निभाती है।

मलयालम

मलयालम दक्षिण भारत की एक प्रसिद्ध द्रविड़ भाषा है, जो केरल राज्य और लक्षद्वीप द्वीपसमूह में प्रमुखता से बोली जाती है। इसे भारत की 22 अनुसूचित भाषाओं में जगह मिली है और यह केरल तथा लक्षद्वीप की आधिकारिक भाषा भी है। इस भाषा को 8 अगस्त 2013 को 'शास्त्रीय भाषा' का दर्जा दिया गया था, जो इसकी ऐतिहासिक विरासत और समृद्ध साहित्य को दर्शाता है। मलयालम बोलने वालों की संख्या करोड़ों में है, और यह भाषा न केवल संचार का माध्यम है, बल्कि केरल की सांस्कृतिक पहचान का एक मजबूत आधार भी है। Most Spoken Languages In India

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