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बचपन की 10 गलतियां जिनका एहसास हमे बाद में होता है | 10 Childhood Mistakes In Hindi

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बचपन की यह 10 गलतियां हर इंसान को बना देती हैं असफल | 10 Childhood Mistakes In Hindi
बचपन की कुछ गलतियां ऐसी होती है जिनकी वजह से हमारी ज़िन्दगियों (लाइफ) बर्बाद हो जाती है और उनका एहसास हमे 30 की उम्र के बाद में होता है और हम बहुत पछताते है. यहाँ मैं आपको बचपन की 10 गलतियो के बारे मे बताऊंगा ,अगर आप अभी ये गलतियां कर रहे हो तो आपको इन गलतियों को अभी से छोड़ देना चाहिए.हर किसी को अपना बचपन याद आता है,क्योकि हम सभी ने बचपन को जिया है. शायद ही ऐसा कोई होगा जो अपने बचपन को याद नहीं करता हो.बाल्यावस्था एक ऐसी उम्र है जिसमे बिना किसी परेशानी के मस्ती से जिंदगी का आनन्द लिया जाता है. इस छोटी सी उम्र में किसी को भी सही और गलत का फर्क पता नहीं होता है. हमसे बचपन में अनजाने में और नादानी से कुछ गलतियां हो जाती है.उस समय हमे पता नहीं होता की इन गलतियां की वजह से क्या समस्या हो सकती है.लेकिन जब हम बड़े होते है तो हमे बचपन की गलतियां याद आती है.एक गलती से हमारी जिंदगी बर्बाद हो जाती है.यहाँ हमे बचपन की ऐसी गलतियों के बारे में जानेंगे जिनका अहसास हमे सारी उम्र होता है और जिनसे हमारी ज़िन्दगी बर्बाद हो जाती है.
ये है बचपन की 10 गलतियाँ | 10 Childhood Mistakes In Hindi
बचपन में खेलने कूदने के साथ अगर हमे थोड़ी सावधानियां बरते तो हमारा भविष्य हमारा कल सवर सकता है .आपका आज आपके कल को पूरी तरह से बदल सकता है.
#1.माँ-बाप की क़द्र ना करना
बचपन में माँ -बाप की इज़्ज़त ना करने और उनसे बदतमीजी से पेश आने की सजा हमे सारी उम्र किसी का प्यार ना पा कर चुकानी पड़ती है.दुनिया में शायद ही ऐसे माता-पिता हो जो अपने बेटा - बेटी को गलत रास्ता दिखाएंगे.हर इंसान अपनी औलाद को सही रास्ता दिखाना चाहता है.बचपन में हमे माता -पिता जब भी डाटते है या किसी काम को करने से मना करते है तो उसमे हमारा ही भला होता है.हमे कभी भी माँ-बाप की अवहेलना नहीं करनी चाहिए और उनकी हर बात मान लेनी चाहिए.ये सोच कर की वो जो भी सोचेंगे हमारे लिए सही ही होगा.
#2.समय पर पढाई ना करना
बचपन में खेलने -कूदने के साथ पढाई करना भी जरुरी है. अगर पढोगे नहीं तो आने वाले टाइम में बड़े कैसे बनोगे.अगर आपने समय पर अध्ययन नहीं की तो आप इस दुनिया से पीछे रह जाओगे.क्योकि आपके सपने बहुत ज्यादा पढ़े -लिखे लोग होंगे,जिनसे बात करना आपके लिये मुश्किल होगा.अगर आप पीछे मुड़ कर देखोगे तो आप पर हंसने वाले लोगो के अलावा कुछ दिखाई नहीं देगा.इसीलिए बड़े हो कर सफल होने के लिए बचपन से ही पढ़ना जरुरी है.आप खेलो - कूदो कोई मना नहीं है पर अपना होमवर्क और पढ़ाई टाइम टु टाइम करो .
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#3.समय बर्बाद करना
टाइम वेस्ट करना बचपन की सबसे बड़ी गलतियों में से एक है.जो समय निकल गया वो दोबारा नहीं आएगा ये जानते हुए भी हम बचपन में टाइम वेस्ट करते है.इसका अहसास हमे जवानी के बाद होता है और हमे सोचते है की काश मैं बचपन में अपना काम समय पर कर लेता.समय को कोई रोक नहीं सकता.हमे हर काम समय पर करना चाहिए.बचपन सिर्फ खेलने - कूदने के लिए नहीं है.हमारी अपनी जिंदगी के लिए सिर्फ माता-पिता नहीं हमारी खुद की भी कुछ जिम्मेदारियां होती है और हमे उन सब पर खरा उतरना चाहिए ताकि आप फ्यूचर में इसकी प्रॉब्लम से बच सको.
#4.कुछ नया ना सीखना
बचपन में एक लत सी हो जाती है जब हम पढाई या किसी भी जरुरी काम के वक़्त खेलने या तबियत सही ना होने की वजह से सीखना बंद कर देते है.इस उम्र में हमे ऐसा फील होता है जैसे हम पूरी दुनिया के बारे में जानते हो और हमे अब और कुछ जानने की जरुरत ही नहीं है.ये गलती कभी ना करे.इस दुनिया में सिखने को इतना कुछ है साथ ही जिंदगी जीने के लिए कुछ इम्पोर्टेन्ट नॉलेज होना जरुरी है.अगर आपके पास वो जानकारी नहीं होगी तो बड़े होने पर आपको दूसरे के दरवाजे खटखटाना पड़ेंगे.क्यों ना इतना सीख जाये की लोग आपका दरवाज़ा खटखटाने आये.
#5.फ़िज़ूल – खर्च करना
जब हम बचपन से जवानी की और जाने लगते है तो हमारी कई तरह के लोगो से दोस्ती होती है जिनमे से कुछ अमीर भी और कुछ गरीब होते है. हमे अमीर बच्चो की और आकर्षित होते है और उनकी तरह बनने की कोशिश करते है. उनके जैसे खिलोने लेने की माता-पिता से ज़िद करते है.हर बच्चा अमीर घर में जन्म ले और उसे हर ऐशो -आराम मिले जरुरी नहीं है ,दूसरों को देख कर फिजूल खर्च ना करे और अपने माता-पिता की हालत देख कर ही पैसे खर्च करे.ये बात 16 से 20 की आगे के लड़कियों और लड़कों के लिए महत्त्वपूर्ण है.
#6.शारीरिक आकर्षण
हर बच्चा चाहता है की उसकी बॉडी सबसे ज्यादा मज़बूत हो और वो सबसे ज्यादा सुंदर हैंडसम हो.लेकिन सिर्फ अच्छी बॉडी और सुन्दर होना ही जीवन जीने के लिए काफी नहीं है.बॉडी स्ट्रांग होने के साथ - साथ दिमाग का स्ट्रांग होना भी जरुरी है.सो शारीरिक फिटनेस के साथ - साथ अपने माइंड को भी स्ट्रांग बनाने की कोशिश करे.अच्छी बाते सीखे और अपने दिमाग को ज्ञान से भरे.
#7.अच्छा दोस्त नहीं बनाना
अच्छे बचपन के पीछे अच्छे दोस्त जरूर होते है.जिसके अच्छे दोस्त ना हो उससे बचपन में कई गलतियां होती है.माँ - बाप के बाद अच्छे दोस्त ही होते है जो आपको हर जगह सही और गलत की पहचान करवाते है.कहते है की हर सफल इंसान के पीछे किसी औरत का हाथ जरूर होता है.बिलकुल वैसे ही अच्छे बचपन के पीछे किसी अच्छे दोस्त का साथ जरूर होता है.10 बुरे दोस्त बनाने से अच्छा है एक अच्छा दोस्त बना लो.
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#8.बुरी संगत में फँसना
कुछ बच्चे बचपन में ऐसी संगति में फंस जाते है की उनका फ्यूचर बर्बाद हो जाता है. उनके गलत कामो सेमाता माता -पिता को तो निचा देखना पढता ही है.साथ ही उनसे गांव,आस -पास के लोग नफरत करने लग जाते है.इस बुरी लत में लड़की , शराब,सिगरेट,जुआ,सेक्सुअल अट्रैक्शन जैसी कई बुरी आदते आती है.मैं ये नहीं कहता की गलती करके इंसान सुधर नहीं सकता पर इतना गारंटी से कह सकता हु की जिस पेड़ की जड़ काट जाये उसे फिर से हरा-भरा होने में बहुत समय लग जाता है.इतनी बुरी आदतों से बचे और इज्जत की जिंदगी जिये ताकि सारी दुनिया आपसे प्यार करे.
#9.सिगरेट शराब का नशा करना
आज के टाइम में नशा करना जैसे युवाओं का शौक बन गया है.गुटखा चबाना, सिगरेट पीना,शराब का सेवन करना आदि.आज की यंगेस्ट पीढ़ी की पहचान बन गयी है.स्कूल हो या कॉलेज स्टूडेंट के लिए नशा करना शान बन गया है.परिणाम क्या है, मौत या फिर अपाहिज जिंदगी.फिर ये सब क्यों करना.अगर आपके साथ बुरा हो रहा है तो इसका फैसला सिर्फ आप नहीं कर सकते. आप पर आपकेमाता-पिता और आपको बनाने वाले का अधिकार है . ज़िन्दगी जीने के लिए मिली है बर्बाद करने के लिए नहीं और सिगरेट , शराब पीने से आपकी जिंदगी सिर्फ बर्बादी होगी.इसलिए मैं आपसे प्रार्थना करता हूँ,आज से ही नशा छोड़ दो और अगर आपके पास पैसा ज्यादा है तो उन लोगो की सहायता करो जिनको दो वक़्त का खाना भी नसीब नहीं होता.शायद उनकी दुआओ से आपकी जिंदगी बदल जाये.
#10.यौन संबंध बनाना
पॉइंट 8 में मैंने बताया था की बुरी संगत में पढ़ने से हमारी ज़िन्दगी बर्बाद हो जाती है . ये उसका ही पार्ट है और सबसे ज्यादा खतरा है . अधिकतर लोग की लाइफ इसी की वजह से बर्बाद हो जाती है . इसकी वजह बुरे दोस्त बनाना और बुरी संगती में फसना है.बुरे लोग हमे अश्लील फिल्म,अश्लील बुक्स और सेक्सुअल रिलेशन के बारे में बताते है.बचपन में हमे इन सब बातो का ज्ञान नहीं होता और हम अनजाने में कई गलतियां कर बैठते है.जिसकी वजह से हम आजीवन पछताना पड़ता है.यौन संबंध पति– पत्नी के बिच ही बेहतर है.ये इंडिया में कई हज़ार साल पहले बता दिया गया था.मुझे पूरा विश्वास है की भारतीय संस्कृति और संस्कार के अनुसार जीवन जीने से मुझे कभी कोई प्रॉब्लम नहीं आ सकती.इसलिए ऐसा कोई भी गलत कदम ना उठाये जिससे आपको शर्मिंदा होना पड़े.
निष्कर्ष : बचपन की कुछ गलतियां इतनी बड़ी होती है की उनकी वजह से हमारे मरते दम तक पछताना पड़ता है.परिवार,समझ ,रिश्तेदार,पति,पत्नी के रिश्तों में दरार आती है और हमे नीचा देखना पड़ता है.इन सब बातों से सर उठा कर जीना सीखो.बचपन में खेलने कूदने के साथ बुरे कामो से बचे और आप भविष्य को महान बनाने के लिए तत्पर रहे.आपके बचपन में उठाये गए कुछ सही कदम आपकी जिंदगी को पूरी तरह से बदल कर रख सकते है.
बचपन की 10 गलतियां जिनका एहसास हमे बाद में होता है | 10 Childhood Mistakes In Hindi




