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माता शेरावाली की अतुल्य कविताएँ | Top HD Photos And Poems Of Maa Sherawali

By yuvraj / About :-2 years ago

शेरावाली माता के अनमोल भजन का सुन्दर संग्रह | HD Photos & Poems Of  Maa Sherawali

#1

"सारे जग की माता हो तुम
सब की हो पालन हार
अतुलनीय रूप है तेरा
शक्ति तेरा है अपरम्पार"

"बसंत ऋतू का समागम हो गया है
चैत्र नवरात्री का आगमन हो गया है
शुभ आगमन है माँ शुभ आगमन है"

"आपके पदार्पण से कलियाँ खिल गयी है
चेहरे की उदासी को हसीं मिल गयी है
आश्रु से भरी आँखें सजल हो गयी है
दुखो के बेड़ियाँ जैसा सब नष्ट हो गयी है"
शुभ आगमन है माँ शुभ आगमन है

"गूंज उठा जयकारा पृथ्वी और गगन से
भक्त वृन्द मगन हुए आपके दर्शन से
नूपुर और ढाक का संगीत गूंज रहा है
जन जन में आपका स्वररूप दिख रहा है
शुभ आगमन है माँ शुभ आगमन है"

"फुले पे बहार बांके कलियों की निखार बनके
रंगो का गुलाल बनके सिंह पे सवार होके
आजा मेरी माँ आजा
शुभ आगमन है माँ शुभ आगमन है"

#2

"अश्रुधार भरी आंखों से, किस विधि दर्शन पाऊं मां,
मन मेरे संताप भरा है, मैं कैसे मुस्काऊं मां।
 
कदम-कदम पर भरे हैं कांटे, ऊंची-नीची खाई है,
दुःखों की बेड़ी पड़ी पांव में, किस विधि चलकर आऊं मां।
 
अश्रुधार भरी आंखों से, किस विधि दर्शन पाऊं मां।"

 
"सुख और दुःख के भंवरजाल में, फंसी हुई है मेरी नैया,
कभी डूबती, कभी उबरती, आज नहीं है कोई खिवैया।
 
छूट गई पतवार हाथ से, किस विधि पार लगाऊं मां,
अश्रुधार भरी आंखों से, किस विधि दर्शन पाऊं मां।"
 


"पाप-पुण्य के फेर में फंसा हूं, मैंने सुध-बुध खोई मां,
अंदर बैठी मेरी आत्मा, फूट-फूटकर रोई मां।
 
बोल भी अब तो फंसे गले में, आरती किस विधि गाऊं मां,
अश्रुधार भरी आंखों से, किस विधि दर्शन पाऊं मां।"

"पाप-पुण्य में भेद बता दे, धर्म-कर्म का ज्ञान दे,
मेरे अंदर तू बैठी है, इतना मुझको भान दे।"
 

"फिर से मुझमें शक्ति भर दे, फिर से मुझमें जान दे,
नवजात शिशु-सा गोद में खेलूं, फिर बालक बन जाऊं मां।
 
तू ही बता दे, किन शब्दों में, तुझको आज मनाऊं मां, 
अश्रुधार भरी आंखों से, किस विधि दर्शन पाऊं मां।"

माता शेरावाली की अतुल्य कविताएँ | Top HD Photos And Poems Of Maa Sherawali